दमोह में खाद्य सुरक्षा विभाग का बड़ा एक्शन: विशाल मेगा मार्ट, क्लब हाउस रेस्टोरेंट और आरओ प्लांट पर छापा, कई खाद्य पदार्थों के नमूने जांच के लिए भेजे
बादाम, काजू, किशमिश, कोकोनट वाटर, पनीर, अरहर दाल और सब्जी ग्रेवी के सैंपल लिए गए
कई प्रतिष्ठानों में जरूरी दस्तावेज और प्रमाण पत्र नहीं मिले, धारा 32 के तहत नोटिस जारी
हिमांशु रैकवार दमोह
दमोह। जिले में खाद्य पदार्थों की गुणवत्ता और उपभोक्ताओं के स्वास्थ्य की सुरक्षा सुनिश्चित करने के लिए खाद्य सुरक्षा प्रशासन विभाग ने मंगलवार को बड़ी कार्रवाई करते हुए शहर के तीन प्रमुख प्रतिष्ठानों पर औचक निरीक्षण किया। कार्रवाई के दौरान पुराना थाना रोड स्थित विशाल मेगा मार्ट, श्याम नगर स्थित क्लब हाउस रेस्टोरेंट तथा नूरी नगर स्थित स्वीट वाटर एक्वा आरओ वाटर प्लांट से खाद्य एवं पेय पदार्थों के नमूने लेकर जांच के लिए राज्य खाद्य परीक्षण प्रयोगशाला भेजे गए हैं।
कलेक्टर प्रताप नारायण यादव के निर्देश पर खाद्य सुरक्षा अधिकारी माधवी बुधौलिया के नेतृत्व में हुई इस कार्रवाई के दौरान कई गंभीर कमियां भी सामने आईं, जिसके बाद संबंधित प्रतिष्ठानों को खाद्य सुरक्षा एवं मानक अधिनियम 2006 की धारा 32 के तहत नोटिस जारी किए गए हैं।
विशाल मेगा मार्ट में सूखे मेवों और कोकोनट वाटर के नमूने लिए
निरीक्षण के दौरान विशाल मेगा मार्ट में संग्रहित फर्स्ट क्रॉप ब्रांड के बादाम, किशमिश और काजू के साथ स्टोरिया ब्रांड कोकोनट वाटर के नमूने जांच के लिए लिए गए। जांच टीम को यहां खाद्य लाइसेंस की प्रति परिसर में प्रदर्शित नहीं मिली। कर्मचारियों के वार्षिक मेडिकल परीक्षण प्रमाण पत्र एक्सपायर्ड पाए गए, जबकि फोस्टैक (FOSTAC) प्रशिक्षण प्रमाण पत्र भी उपलब्ध नहीं था।
क्लब हाउस रेस्टोरेंट में खाद्य गुणवत्ता पर जांच
श्याम नगर स्थित क्लब हाउस रेस्टोरेंट में निरीक्षण के दौरान पनीर, तैयार बॉयल्ड अरहर दाल और सब्जी ग्रेवी के नमूने लिए गए। यहां कर्मचारियों के मेडिकल प्रमाण पत्र, फोस्टैक ट्रेनिंग सर्टिफिकेट, पेस्ट कंट्रोल सर्टिफिकेट, लैब टेस्ट रिपोर्ट और वाटर टेस्ट रिपोर्ट मौके पर उपलब्ध नहीं मिली। विभाग ने इसे गंभीर लापरवाही मानते हुए नोटिस जारी किया है।
आरओ वाटर प्लांट की भी जांच
नूरी नगर स्थित स्वीट वाटर एक्वा आरओ वाटर प्लांट का भी निरीक्षण किया गया। यहां तैयार आरओ वाटर के नमूने लेकर परीक्षण के लिए भेजे गए। निरीक्षण के दौरान वाटर टेस्ट रिपोर्ट, कर्मचारियों के मेडिकल सर्टिफिकेट, फोस्टैक ट्रेनिंग सर्टिफिकेट और पेस्ट कंट्रोल संबंधी दस्तावेज उपलब्ध नहीं पाए गए।
रिपोर्ट आने के बाद होगी कानूनी कार्रवाई
खाद्य सुरक्षा विभाग ने स्पष्ट किया है कि सभी नमूनों को गुणवत्ता परीक्षण के लिए राज्य खाद्य परीक्षण प्रयोगशाला भेजा गया है। जांच रिपोर्ट प्राप्त होने के बाद यदि खाद्य पदार्थ निर्धारित मानकों के अनुरूप नहीं पाए जाते हैं तो संबंधित प्रतिष्ठानों के विरुद्ध खाद्य सुरक्षा एवं मानक अधिनियम के तहत वैधानिक कार्रवाई की जाएगी।
उपभोक्ताओं की सेहत से खिलवाड़ बर्दाश्त नहीं
कलेक्टर प्रताप नारायण यादव के निर्देश पर चलाए जा रहे इस अभियान का उद्देश्य आम नागरिकों को सुरक्षित और गुणवत्तापूर्ण खाद्य सामग्री उपलब्ध कराना है। प्रशासन ने संकेत दिए हैं कि आने वाले दिनों में जिले के अन्य होटल, रेस्टोरेंट, मॉल और खाद्य प्रतिष्ठानों पर भी इसी तरह की कार्रवाई जारी रहेगी।